Skip to content
UK Fast Khabar

UK Fast Khabar

Connect with Us

  • Facebook
  • Twitter
  • Linkedin
  • VK
  • Youtube
  • Instagram

Categories

  • Biography
  • BJP
  • blog
  • Business
  • CONGRESS
  • Dehardun
  • Economy
  • employment
  • Model
  • National
  • New tehri
  • News
  • Newsbeat
  • Politics
  • Stories
  • Tech
  • Uncategorized
  • World
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अपराध
  • अल्मोड़ा
  • आपका शहर
  • आपदा
  • इतिहास
  • उत्तर प्रदेश
  • उत्तरकाशी
  • उत्तरराखंड विधानसभा
  • उत्तराखंड
  • उत्तराखण्ड
  • ऊधम सिंह नगर
  • ऋषिकेश
  • क्राइम
  • खबर हटकर
  • खेल
  • गैरसैण
  • चमोली
  • चम्पावत
  • चलो चले देवभूमि
  • चारधाम
  • चारधाम यात्रा
  • टिहरी
  • टेक्नॉलॉजी
  • ट्रेंडिंग खबरें
  • ताज़ा ख़बर
  • ताज़ा ख़बरें
  • दिल्ली
  • दुर्घटना
  • देश
  • देश-विदेश
  • देहरादून
  • देहरादून/मसूरी
  • धर्म-संस्कृति
  • धामी सरकार
  • नई दिल्ली
  • नैनीताल
  • न्यूज़
  • पर्यटन
  • पिथौरागढ़
  • पुलिस
  • बाजार
  • बिहार
  • भारत
  • मनोरंजन
  • मुंबई
  • मौसम
  • राजधानी दिल्ली
  • राजनीति
  • रुड़की
  • रुद्रपुर
  • रुद्रप्रयाग
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • विदेश
  • व्यापार
  • शिक्षा
  • शिक्षा/रोजगार
  • सेना
  • सोशल मीडिया वायरल
  • स्वास्थ्य
  • हरिद्वार
  • हल्द्वानी
Primary Menu
  • Home
  • उत्तराखंड
  • देहरादून/मसूरी
  • भारत
  • विदेश
  • राजधानी दिल्ली
  • राजनीति
  • सोशल मीडिया वायरल
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • खेल
  • News
Live

जानिए आजादी से पहले कौन से राज्य नहीं थे भारत में शामिल, जानिए कैसे हुआ देश में रियासतों का विलय

Uk Fast Khabar August 10, 2023

देश इस साल अपनी आजादी की 77वीं वर्षगांठ मना रहा है। मतलब भारत को आजाद हुए 76 साल पूरे हो चुके हैं लेकिन आज से ठीक 76 से पहले जब देश आजाद हुआ था तो उस आजादी के जश्न में कुछ ऐसे भी राज्य थे जिन्होंने खुद को शामिल होने से इनकार कर दिया। भारत का मानचित्र जैसा अब दिखता है ठीक आज से 76 साल पहले ऐसा बिल्कुल नहीं था। भारत की आजादी के साथ ही नए भारत का ताना-बाना बुना जा रहा था।
आजादी के समय भारत कई रियासतों में बंटा हुआ था। 1947 में जब भारत को ब्रिटिश शासन से आज़ादी मिली, तो ऐसे कई राज्य थे जो नवगठित भारतीय गणराज्य में शामिल नहीं थे। ये राज्य या तो रियासती शासकों के नियंत्रण में थे या ब्रिटिश के भारत से जाने के बाद उनके पास अपना भाग्य स्वयं चुनने का विकल्प था। यहां उन राज्यों पर एक विस्तृत लेख है जो स्वतंत्रता प्राप्त होने पर भारत का हिस्सा नहीं थे-
भारतीय स्वतंत्रता अधिनियम 1947 के अंतर्गत दो स्वतंत्र एवं पृथक प्रभुत्व वाले देश भारत और पाकिस्तान बनाये गये। देशी रियासतों के सामने तीन विकल्प रखे गये थे-

1. भारत में शामिल हो
2. पाकिस्तान के साथ शामिल हो
3. या तो स्वतंत्र रहें
आजादी के दौरान भारत 500 से ज्यादा रियासतों में देश बंटा था। ये देशी रियासतें स्वतंत्र शासन में यकीन रखती थी जो सशक्त भारत के निर्माण में सबसे बड़ी बाधा थी। हैदराबाद, जूनागढ, और कश्मीर को छोडक़र सभी रियासतों ने स्वेच्छा से भारतीय परिसंघ में शामिल होने की स्वीकृति दी थी। जूनागढ़ रियासत पाकिस्तान में मिलने की घोषणा कर चुकी थी वहीं कश्मीर ने स्वतंत्र बने रहने की इच्छा व्यक्त की थी। हालांकि भोपाल की रियासत भी भारत में शामिल नहीं होना चाहती थी लेकिन बाद में वह भारत में शामिल हो गयी। सबसे आखिर में शामिल होने वाली रियासत भोपाल थी।

त्रावणकोर रियासत
आजादी के वक्त दक्षिण भारतीय समुद्री तट पर स्थित त्रावणकोर पहला ऐसा राज्य था जिसने भारतीय गणराज्य में शामिल होने से इनकार कर दिया था। इसके साथ ही उसने देश में कांग्रेस के नेतृत्व पर ही सवाल खड़ा कर दिया था। दरअसल यह राज्य सीधे तौर पर सोने-चांदी और मुद्रा के अलावा इस अमीर रियासत के पास समुद्री व्यापार की चमक और बेशकीमती ‘मोनाज़ाइट’ का भंडार था, साथ ही मानव और खनिज संसाधनों से धनी भी था, जिससे हर कोई अपना बनाना चाहता था।

हैदराबाद रियासत
हैदराबाद राज्य पर निज़ाम का शासन था, जो भारत या पाकिस्तान में शामिल होने के बजाय स्वतंत्रता चाहता था। भारत सरकार ने निज़ाम से भारत में शामिल होने का आग्रह किया, लेकिन उन्होंने इनकार कर दिया। असफल वार्ता के बाद, भारत सरकार ने 1948 में “ऑपरेशन पोलो” नामक एक सैन्य अभियान शुरू किया और हैदराबाद पर बलपूर्वक कब्जा कर लिया, जिससे यह भारत का हिस्सा बन गया।

जूनागढ़ रियासत
जूनागढ़ आधुनिक गुजरात में स्थित एक रियासत थी। जूनागढ़ के नवाब, जो एक मुस्लिम थे, ने बहुसंख्यक आबादी हिंदू होने के बावजूद पाकिस्तान में शामिल होने का फैसला किया। इस निर्णय के कारण विरोध और विपक्षी आंदोलन हुआ, जिसके परिणामस्वरूप अंततः भारत सरकार ने फरवरी 1948 में जनमत संग्रह का आयोजन किया। जूनागढ़ के लोगों ने भारत में विलय का फैसला किया, जिससे यह भारतीय संघ का हिस्सा बन गया।

जम्मू और कश्मीर रियासत
जम्मू और कश्मीर सबसे उल्लेखनीय उदाहरणों में से एक है। इस रियासत पर महाराजा हरि सिंह का शासन था। आजादी के समय महाराजा हरि सिंह अपने राज्य के भविष्य को लेकर अनिश्चित थे। हालांकि, 1947 में, जब पाकिस्तान के आदिवासी लड़ाकों ने कश्मीर पर आक्रमण किया, तो उन्होंने भारत से सहायता मांगी। विलय पत्र पर हस्ताक्षर के परिणामस्वरूप जम्मू और कश्मीर को एक विशेष दर्जा दिया गया। हालांकि, पाकिस्तान समर्थित बलों के आक्रमण के बाद अंततः यह भारत में शामिल हो गया और आज तक एक विवादित क्षेत्र बना हुआ है।

मणिपुर रियासत
भारतीय स्वतंत्रता की पूर्व संध्या पर मणिपुर एक स्वतंत्र रियासत थी। हालांकि, विभिन्न आंतरिक चुनौतियों का सामना करने के बाद मणिपुर के महाराजा ने 1949 में राज्य का भारत में विलय करने का निर्णय लिया। इस निर्णय ने मणिपुर को भारत का अभिन्न अंग बना दिया।
भारत से ये बहिष्कार मुख्य रूप से ऐतिहासिक, धार्मिक और राजनीतिक कारकों से प्रेरित थे। भारत के विभाजन और विभिन्न क्षेत्रों द्वारा चुने गए विकल्पों का उपमहाद्वीप की जनसांख्यिकी और भू-राजनीतिक परिदृश्य पर स्थायी प्रभाव पड़ा है।

 

Continue Reading

Previous: OMG 2 के लिए ग़दर 2 बानी चुनौती: गदर मचाने को तैयार गदर 2, बेचे 2 लाख से ज्यादा टिकट
Next: विदेशी भी हो रहे हैं भारत की समृद्ध के दीवाने, भारत की समृद्ध विरासत ने दुनिया भर में छोड़ी है अपनी छाप

Related Stories

यूरोपीय आयोग के इस फैसले से खत्म होगा Google का एकाधिकार, दूसरी कंपनियों के साथ साझा करना होगा अपना डेटा

यूरोपीय आयोग के इस फैसले से खत्म होगा Google का एकाधिकार, दूसरी कंपनियों के साथ साझा करना होगा अपना डेटा

July 17, 2026
NEET UG 2026 Result में लड़कियों का जलवा, 58 फीसदी से ज्यादा छात्राओं ने मारी बाजी

NEET UG 2026 Result में लड़कियों का जलवा, 58 फीसदी से ज्यादा छात्राओं ने मारी बाजी

July 17, 2026
MLA ने मंच से की CM धामी की तारीफ तो असहज हुई कांग्रेस, राहुल के दौरे से पहले बुटोला को देनी पड़ी सफाई

MLA ने मंच से की CM धामी की तारीफ तो असहज हुई कांग्रेस, राहुल के दौरे से पहले बुटोला को देनी पड़ी सफाई

July 17, 2026
https://youtu.be/mr6MrumB0_k

Connect with Us

  • Facebook
  • Twitter
  • Linkedin
  • VK
  • Youtube
  • Instagram

You may have missed

यूरोपीय आयोग के इस फैसले से खत्म होगा Google का एकाधिकार, दूसरी कंपनियों के साथ साझा करना होगा अपना डेटा

यूरोपीय आयोग के इस फैसले से खत्म होगा Google का एकाधिकार, दूसरी कंपनियों के साथ साझा करना होगा अपना डेटा

July 17, 2026
NEET UG 2026 Result में लड़कियों का जलवा, 58 फीसदी से ज्यादा छात्राओं ने मारी बाजी

NEET UG 2026 Result में लड़कियों का जलवा, 58 फीसदी से ज्यादा छात्राओं ने मारी बाजी

July 17, 2026
MLA ने मंच से की CM धामी की तारीफ तो असहज हुई कांग्रेस, राहुल के दौरे से पहले बुटोला को देनी पड़ी सफाई

MLA ने मंच से की CM धामी की तारीफ तो असहज हुई कांग्रेस, राहुल के दौरे से पहले बुटोला को देनी पड़ी सफाई

July 17, 2026
श्रद्धालुओं के लिए खुले भगवान फ्यूंलानारायण मंदिर के कपाट, जानें क्या है मान्यता?

श्रद्धालुओं के लिए खुले भगवान फ्यूंलानारायण मंदिर के कपाट, जानें क्या है मान्यता?

July 17, 2026

About Us

Founder – INDRA
Website – www.ukfastkhabar.com
Email – ukfastkhabar@gmail.com
Phone – +91-9917070725
Address –Naithani House, Lane No. 4 Devpuram Enclave, Badripur, Dehradun, 208005, Uk

Categories

BJP blog Dehardun News Politics Tech World अपराध आपका शहर उत्तरकाशी उत्तराखंड ऋषिकेश क्राइम खबर हटकर खेल चलो चले देवभूमि चारधाम चारधाम यात्रा टेक्नॉलॉजी ट्रेंडिंग खबरें ताज़ा ख़बर ताज़ा ख़बरें दिल्ली दुर्घटना देश-विदेश देहरादून देहरादून/मसूरी धर्म-संस्कृति धामी सरकार नैनीताल न्यूज़ पर्यटन पुलिस बाजार भारत मनोरंजन मौसम राजधानी दिल्ली राजनीति रुद्रपुर विदेश शिक्षा सोशल मीडिया वायरल स्वास्थ्य हरिद्वार

Recent Posts

  • यूरोपीय आयोग के इस फैसले से खत्म होगा Google का एकाधिकार, दूसरी कंपनियों के साथ साझा करना होगा अपना डेटा
  • NEET UG 2026 Result में लड़कियों का जलवा, 58 फीसदी से ज्यादा छात्राओं ने मारी बाजी
  • MLA ने मंच से की CM धामी की तारीफ तो असहज हुई कांग्रेस, राहुल के दौरे से पहले बुटोला को देनी पड़ी सफाई
  • श्रद्धालुओं के लिए खुले भगवान फ्यूंलानारायण मंदिर के कपाट, जानें क्या है मान्यता?
  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Facebook
  • Twitter
  • Linkedin
  • VK
  • Youtube
  • Instagram
Copyright ©Uk Fast Khabar 2023, Design & Develop by Manish Naithani (9084358715). All rights reserved. | MoreNews by AF themes.